श्री मध्यभारत हिन्दी साहित्य समिति, राष्ट्रभाषा हिन्दी प्रचार-प्रसार हेतु कार्यरत देश की प्राचीनतम और शीर्षस्थ संस्थाओं में से एक है। सारे देश में राष्ट्रभाषा हिन्दी का प्रचार-प्रसार कर देशवासियों में सामाजिक और राष्ट्रीय चेतना जागृत करने के उद्वेश्य से समिति की स्थापना 29 जुलाई 1910 को इन्दौर में हुई थी।

श्री मध्यभारत हिन्दी साहित्य समिति
११, रवीन्द्रनाथ टैगोर मार्ग
इन्दौर - ४५२००१
(म. प्र.) 

फोन :०७३१ - २५१६६५७

फैक्स :०७३१ – २५२९५११

​ईमेल द्वारा संपर्क में रहें 

विशिष्ट आयोजन

वर्तमान सन्दर्भो में समिति, हिन्दी के प्रसार के साथ साथ सभी भारतीय भाषाओ के बीच सम्वाद प्रक्रिया आरम्भ कर भाषायी समन्वयन तथा सूचना तकनीक के क्षेत्र में हिन्दी के प्रयोग को बढावा देने की दिशा में काम कर रही है। इस उद्देश्य की पूर्ति हेतु समिति ने  कई कार्यशालाए आयोजित की है।

दक्षिण भारतीय प्रचारकों का सम्मान, सन्‌ १९६६ (प्रथम बार)

 

 

सन्‌ १९१८ में जब गांधीजी ने समिति परिसर में हिन्दीदूतों को दक्षिण भारत में हिन्दी के प्रचार के लिए भेजा था तभी से समिति देद्गा के अहिन्दी भाषी प्रदेशो  में राष्ट्रभाषा के प्रचार में मौन किन्तु महत्वपूर्ण भूमिका रही है। सन्‌ १९६६ में समिति द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में ऐसे आठ हिन्दीसेवियों का सम्मान किया था जो दक्षिण भारत में हिन्दी के प्रचारकार्य में संलग्न रहे। इन हिन्दीसेवियों का सम्मान तत्कालीन मुखयमंत्री श्री मिश्रीलालजी गंगवाल और पं.माखनलाल चतुर्वेदीजी ने किया था। सन्‌ १९८८ में पुनः एक भव्य समारोह आयोजित कर समिति ने दक्षिण और उत्तर पूर्वी भारत ने राष्ट्रभाषा की सेवा कर रहे हिन्दीसेवियों का सम्मान किया।

HOURS

SUNDAY SERVICES

Every Sunday from 6:00pm to 8:00pm


CHILDREN'S SERVICES
Every Wednesday from 
3:00pm to 4:00pm